आप विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा – पंजाब के मुख्यमंत्री के तौर पर भगवंत मान को बदलने का वक्त आ गया: ‘हमें अपने घर को व्यवस्थित करना होगा’

आप विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा – पंजाब के मुख्यमंत्री के तौर पर भगवंत मान को बदलने का वक्त आ गया: ‘हमें अपने घर को व्यवस्थित करना होगा’

आप विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा – पंजाब के मुख्यमंत्री के तौर पर भगवंत मान को बदलने का वक्त आ गया: ‘हमें अपने घर को व्यवस्थित करना होगा’

पंजाब की राजनीति में एक बड़ा बयान आया है, जहां आम आदमी पार्टी (आप) के विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को उनके पद से हटाने की मांग की है। अमृतसर नॉर्थ से विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा है कि “हमें अपने घर को व्यवस्थित करना होगा,” जो साफ़ इशारा करता है कि पार्टी के भीतर कुछ ठीक नहीं चल रहा है।

पृष्ठभूमि:

कुंवर विजय प्रताप सिंह पहले पंजाब पुलिस के आईपीएस अधिकारी थे और उन्होंने 2015 के बेअदबी मामलों की जांच का नेतृत्व किया था। राजनीति में आने के बाद, उन्होंने आप के टिकट पर चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। उनका यह बयान तब आया है जब आप को 2025 में दिल्ली विधानसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा है।

क्यों कहा गया यह बयान?

  • चुनावी प्रदर्शन: दिल्ली चुनावों में हार के बाद, पार्टी के भीतर चर्चा हो रही है कि क्या नेतृत्व में बदलाव से प्रदर्शन सुधारा जा सकता है।
  • आंतरिक मुद्दे: सिंह के बयान से लगता है कि पार्टी के भीतर कुछ ऐसे मुद्दे हैं जिनको सुलझाने की जरूरत है, जो शायद वर्तमान नेतृत्व के साथ मुश्किल है।
  • शासन में सुधार: पंजाब में शासन की गुणवत्ता या दिशा को लेकर शायद कुछ सवाल उठ रहे हैं, जिन्हें नए नेतृत्व से हल करने की उम्मीद है।

प्रतिक्रियाएं:

  • भगवंत मान: पिछले बयानों में, मान ने खुद को पार्टी के हित में पद से हटाने के लिए तैयार दिखाया है। इस बयान के बाद उनकी प्रतिक्रिया का इंतजार है।
  • आप का नेतृत्व: पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व को इस बयान के बाद एक्शन लेना पड़ सकता है, जिससे पार्टी की एकता बनी रहे।
  • विपक्ष: कांग्रेस और बीजेपी जैसी पार्टियां इस मौके का फायदा उठा सकती हैं और आप की शासन क्षमता पर सवाल उठा सकती हैं।

कुंवर विजय प्रताप सिंह का यह बयान पंजाब की राजनीति में एक नई बहस छेड़ सकता है, जिसमें नेतृत्व परिवर्तन, पार्टी की एकता, और पंजाब के शासन में सुधार की बातें उभरकर सामने आएंगी। यह देखना दिलचस्प होगा कि आप इस स्थिति से कैसे निपटती है और क्या वास्तव में कोई बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *